
जमशेदपुर। लौहनगरी के सीतारामडेरा थाना अंतर्गत छायानगर (डिब्बा लाइन बस्ती) में मंगलवार की देर रात अपराधियों ने जमकर तांडव मचाया। अमित स्टोर के समीप हुई इस हिंसक वारदात में हथियारबंद अपराधियों ने न केवल गोलियां चलाईं, बल्कि चापड़ से जानलेवा हमला कर पूरे इलाके को दहला दिया। इस हमले में दो युवक गंभीर रूप से घायल हुए हैं, जिनमें से एक की हालत नाजुक बनी हुई है। प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, अपराधियों ने सन्नी पुष्टि उर्फ जगन्नाथ और नंदू लोहार को सड़क पर दौड़ा-दौड़ाकर पीटा। उन पर चापड़ से ताबड़तोड़ वार किए गए और दहशत फैलाने के लिए हवाई फायरिंग भी की गई। घटना के बाद बस्ती में अफरा-तफरी मच गई। सूचना मिलते ही मुख्यालय-1 डीएसपी भोला प्रसाद सिंह और सीतारामडेरा थाना प्रभारी आनंद कुमार मिश्रा भारी पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। पुलिस ने घटनास्थल से दो खोखा और दो कारतूस बरामद किए हैं। घायलों को तत्काल टाटा मुख्य अस्पताल (TMH) में भर्ती कराया गया, जहां 28 वर्षीय सन्नी पुष्टि की स्थिति चिंताजनक बनी हुई है। प्रारंभिक जांच में पुलिस इसे आपसी रंजिश मान रही है। घायल नंदू लोहार के हाथ में गोली लगी है। वह तीन महीने पहले ही चोरी के एक मामले में जेल से बाहर आया था। वहीं, गंभीर रूप से घायल सन्नी पुष्टि भी पूर्व में नशीले पदार्थों की तस्करी के आरोप में जेल जा चुका है। सन्नी की बहन सोनी ने हमले का सीधा आरोप सुरु भुइयां के बेटों संजय, पाल, आजाद और उनके साथियों करण व प्रिंस लोहार पर लगाया है। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए अब तक छह संदिग्धों को हिरासत में लिया है, जिनसे गुप्त स्थान पर पूछताछ जारी है। वारदात के बाद स्थानीय महिलाओं का गुस्सा फूट पड़ा। महिलाओं ने पुलिस प्रशासन के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। उनका आरोप है कि बस्ती में नशा तस्करों और दबंगों के जमावड़े की शिकायत कई बार की गई थी, लेकिन पुलिस ने कोई ठोस कदम नहीं उठाया। लोगों का कहना है कि पुलिस की इसी लापरवाही के कारण अपराधियों के हौसले इतने बुलंद हो गए कि उन्होंने सरेआम खूनखराबा किया। बढ़ते आक्रोश को देखते हुए इलाके में अतिरिक्त पुलिस बल तैनात कर दिया गया है।


