
लातेहार : जिले में एक ऐसे प्रेरणादायक व्यक्ति हैं, जिन्होंने अब तक 69 बार रक्तदान कर जरूरतमंदों का जीवन बचाने का कार्य किया है। पेशे से डॉक्टर और लातेहार उप–स्वास्थ्य केंद्र के प्रभारी के रूप में कार्यरत इस व्यक्ति ने समाज में मानवसेवा की मिसाल कायम की है। उन्होंने बताया कि 18 वर्ष की आयु से ही रक्तदान की सूचना मिलते ही वे तत्काल अस्पताल पहुँचकर जीवन और मृत्यु के बीच जूझ रहे मरीजों की सहायता करते रहे हैं।रक्त की आवश्यकता विशेषकर सड़क दुर्घटनाओं में घायल मरीजों, गंभीर बीमारियों से पीड़ितों और आपातकालीन स्थिति वाले लोगों को होती है। समय पर रक्त न मिल पाने पर कई बार मरीज की जान जोखिम में पड़ जाती है। ऐसे में रक्तदान जीवनदान के समान है। डॉक्टर का कहना है कि रक्तदान से शरीर पर कोई नकारात्मक प्रभाव नहीं पड़ता, बल्कि इससे स्वास्थ्य बेहतर होता है और समाज में दान की संस्कृति को बढ़ावा मिलता है।उन्होंने आम जनता से अपील की कि वे अधिक से अधिक संख्या में रक्तदान कर मानवता की सेवा में योगदान दें। उनके इस निरंतर प्रयास ने उन्हें लातेहार जिले में मानवता का वास्तविक सेवक बना दिया है।


