
रांची। दीपावली से पहले रांची के पूर्व उपायुक्त छवि रंजन के परिवार के लिए खुशखबरी है, शुक्रवार 10 अक्टूबर 2025 को सुप्रीम कोर्ट से जमानत याचिका स्वीकार करते हुए कुछ शर्तों के साथ जमानत देने का आदेश दिया। ज्ञातव्य हो कि छवि रंजन को ईडी प्रवर्तन निदेशालय ने 4 मई 2023 को मनी लॉन्ड्रिंग के एक मामले में गिरफ्तार कर न्यायिक हिरासत में थे। छवि की जमानत याचिका पर सुप्रीम कोर्ट में जस्टिस सूर्यकांत और जस्टिस जॉयमाला बागची की पीठ ने सुनवाई हुई। इससे पहले पीएमएलए (प्रिवेंशन ऑफ मनी लॉन्ड्रिंग एक्ट) कोर्ट और झारखंड हाईकोर्ट दोनों ने उनकी जमानत याचिका खारिज कर दी थी। झारखंड हाईकोर्ट के जस्टिस सुजीत नारायण प्रसाद की अदालत ने बीते 6 अगस्त को याचिका खारिज करते हुए बेल देने से इनकार कर दिया था। पूरा मामला रांची के बड़गाईं अंचल के बरियातू स्थित सेना के कब्जे वाली जमीन की खरीद-बिक्री से जुड़ा है। ईडी ने छवि रंजन सहित विष्णु अग्रवाल, राजस्व उप निरीक्षक भानु प्रताप प्रसाद, फर्जी रैयत प्रदीप बागची, जमीन कारोबारी अफसर अली, इम्तियाज खान, तल्हा खान, फैयाज खान, मोहम्मद सद्दाम, अमित अग्रवाल और दिलीप घोष को भी आरोपी बनाया है।


