
लातेहार । जिले में तुबेद कोल माइंस गेट के पास हुई फायरिंग की घटना का पुलिस ने खुलासा कर दिया है। इस मामले में राहुल दुबे गैंग से जुड़े दो अपराधियों को गिरफ्तार किया गया है। पुलिस ने इनके पास से तीन देशी पिस्तौल, 16 जिंदा कारतूस, तीन मोबाइल फोन और एक मोटरसाइकिल बरामद की है। दोनों आरोपियों को सोमवार को न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया। बता दें कि यह फायरिंग की घटना 30 दिसंबर 2025 को सदर थाना क्षेत्र अंतर्गत तुबेद कोल माइंस गेट के समीप हुई थी, जहां अज्ञात अपराधियों ने गोलीबारी कर दहशत फैलाने की कोशिश की थी। इस मामले में पुलिस अधीक्षक कुमार गौरव को लगातार गुप्त सूचनाएं मिल रही थीं। इस पूरे मामले की जानकारी देते हुए एसडीपीओ अरविंद कुमार ने प्रेस वार्ता में बताया कि एसपी को गुप्त सूचना मिली थी कि बरवागड़ा–सुकरी नदी के पास कैमा से सोहदाग जाने वाले रास्ते में दो अपराधी एक बार फिर कोल माइंस क्षेत्र में फायरिंग की योजना बना रहे हैं। सूचना मिलते ही एक विशेष पुलिस टीम का गठन किया गया और इलाके में छापेमारी अभियान चलाया गया।
पुलिस टीम ने रणनीति के तहत घेराबंदी कर दोनों अपराधियों को हथियारों के साथ धर दबोचा। गिरफ्तारी के दौरान उनके पास से तीन देशी पिस्तौल, 16 जिंदा कारतूस, तीन मोबाइल फोन और एक मोटरसाइकिल बरामद की गई, जिससे उनकी आपराधिक गतिविधियों की पुष्टि हुई। गिरफ्तार अपराधियों की पहचान दीपक उरांव (पिता धर्मदेव राम, निवासी ईचावार, लातेहार) और अनिल उरांव (पिता दिरखु उरांव, निवासी परसही, भगन टोला, लातेहार) के रूप में हुई है। एसडीपीओ ने बताया कि दीपक उरांव का आपराधिक इतिहास रहा है और उसके खिलाफ पहले से कुल सात आपराधिक मामले दर्ज हैं वहीं अनिल उरांव के खिलाफ भी एक आपराधिक मामला दर्ज है। दीपक उरांव हाल ही में जेल से छूटने के बाद दोबारा आपराधिक घटनाओं में सक्रिय हो गया था। पुलिस के अनुसार, दोनों आरोपी कोल माइंस क्षेत्र में दहशत फैलाकर अवैध वसूली और आपराधिक दबदबा बनाने की फिराक में थे। इस सफल छापेमारी अभियान में पुलिस अवर निरीक्षक विक्रांत उपाध्यक्ष, राजा दिलावर, राहुल सिन्हा, रविंद्र महली, हवलदार मनीष रजवार, आरक्षी राजेश कुमार शर्मा, रामकिशोर उरांव, धर्मेंद्र कुमार सहित कई पुलिसकर्मी शामिल थे। प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान थाना प्रभारी प्रमोद सिंह भी मौजूद रहे। पुलिस ने स्पष्ट किया है कि कोल माइंस और औद्योगिक क्षेत्रों में अपराध को किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं किया जाएगा और ऐसे अपराधियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई जारी रहेगी।


